नई दिल्ली, मौसम विभाग (IMD) के मुताबिक, 20 अप्रैल को उत्तर भारत से लेकर पूर्वी हिस्सों तक मौसम अचानक बदलेगा. एक तरफ जहां लोगों को तपती गर्मी से राहत मिलेगी, वहीं दूसरी ओर तेज आंधी-तूफान और बारिश का खतरा भी बढ़ेगा.
पश्चिमी विक्षोभ की वजह से बदलेगा मौसम
इस बड़े बदलाव के पीछे का कारण – पश्चिमी विक्षोभ है, जो जम्मू-कश्मीर और आसपास के क्षेत्रों में सक्रिय हो गया है. यह सिस्टम अरब सागर से मैदानी इलाकों में दबाव बना रहा है. इसी वजह से तेज हवाएं, गरज-चमक और बारिश हो सकती है. मौसम विभाग के अनुसार, यह सिस्टम पूरे उत्तर भारत में असर दिखाएगा और कई राज्यों में अचानक मौसम बदल जाएगा. इसका असर मैदानी इलाकों के साथ पहाड़ी क्षेत्रों में भी भारी बारिश और ओलावृष्टि के साथ दिखेगा.
दिल्ली-NCR और उत्तर भारत में असर
दिल्ली, गुरुग्राम, नोएडा, गाजियाबाद, मेरठ और आसपास के इलाकों में तेज आंधी और बारिश का अलर्ट है. वहीं, हवाओं की रफ्तार 50 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे तक जा सकती है. पंजाब और हरियाणा में भी इसी तरह का मौसम देखने को मिलेगा. इससे तापमान में 5 से 7 डिग्री तक गिरावट आ सकती है. यूपी के पश्चिमी हिस्सों में भी तेज आंधी और बारिश का अनुमान है, जबकि पूर्वी यूपी में शाम तक इसका असर देखने को मिल सकता है.
बिहार, बंगाल और बाकी राज्यों का हाल
वहीं, बिहार और पश्चिम बंगाल में रहेगी और तापमान 43-45 डिग्री तक पहुंच सकता है. हालांकि, शाम या रात तक यहां भी तेज हवाओं और बारिश की संभावना जताई गई है. मध्य प्रदेश और राजस्थान के कुछ हिस्सों में भी हल्की बारिश और धूलभरी आंधी का अलर्ट है. महाराष्ट्र के 19 जिलों में भी बारिश के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है. वहीं दक्षिण भारत के राज्यों जैसे आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु, कर्नाटक और केरल में भी हल्की से मध्यम बारिश और कहीं-कहीं ओलावृष्टि की संभावना है.
IMD की चेतावनी
मौसम विभाग ने साफ कहा है कि 60-70 किमी/घंटा की रफ्तार से चलने वाली आंधी खतरनाक हो सकती है. इससे पेड़ गिरने, बिजली के खंभे टूटने और कमजोर ढांचों को नुकसान होने का खतरा रहता है. लोगों को सलाह दी गई है कि आंधी-तूफान के दौरान घर के अंदर रहें, पेड़ों के नीचे खड़े न हों और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों से दूरी बनाए रखें. किसानों को भी चेतावनी दी गई है कि वे अपनी फसल को सुरक्षित रखें. क्योंकि तेज हवाएं और बारिश नुकसान पहुंचा सकती हैं.




