पंचतत्व में विलीन हुए प्रतीक यादव,साथ छोड़ गए कई अनसुलझे सवाल, ससुर अरविंद सिंह बिष्ट ने दी मुखाग्नि

लखनऊ, उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव के बेटे और अखिलेश यादव के सौतेले भाई प्रतीक यादव का गुरुवार दोपहर लखनऊ के बैकुंठ धाम में अंतिम संस्कार किया. प्रतीक यादव को अखिलेश यादव, भाई धर्मेंद्र सिंह यादव, आदित्य यादव, चाचा शिवपाल सिंह यादव या यादव परिवार के किसी अन्य सदस्यों ने मुखाग्नि नहीं दी. प्रतीक के चचेरे भाई आदित्य यादव भी वहां मौजूद थे. हालांकि प्रतीक यादव को मुखाग्नि उनके ससुर अरविंद बिष्ट ने दी. हालांकि अभी इसकी कोई खास वजह नहीं सामने आई है.

प्रतीक यादव का अंतिम संस्कार
प्रतीक यादव की अंतिम यात्रा सुबह 11.30 बजे के करीब आवास से लखनऊ के बैकुंठ धाम में भैंसा कुंड की ओर निकली थी. अंत्येष्टि के वक्त वहां भारी भीड़ थी. प्रतीक यादव की पत्नी अपर्णा यादव और उनकी दोनों बेटियां भी वहां मौजूद थीं. उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक भी वहां उपस्थित थे. सपा के लखनऊ कार्यालय के सामने शव वाहन के जरिये प्रतीक यादव के पार्थिव शरीर को श्मशान घाट तक ले जाया गया. वहीं अखिलेश की पत्नी डिंपल यादव अंतिम यात्रा शुरू होने के पहले लखनऊ में प्रतीक के घर पर पहुंची थीं.

प्रतीक यादव की मौत कैसे हुई
प्रतीक यादव का बुधवार सुबह 6.30 बजे देहांत हो गया था. फेफड़ों की परेशानी से जूझ रहे प्रतीक यादव को लखनऊ को सिविल हास्पिटल ले जाया गया था, जहां उन्हें मृत घोषित किया गया था. प्रतीक की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में कहा गया था कि शरीर में खून का थक्का जमने के बाद तबियत बिगड़ी थी. ब्लड क्लॉट के ऊपरी हिस्से में पहुंच गया था और इसके बाद हृदय गति रुकने से उसका निधन हो गया था. उनकी बॉडी में कई जगहों पर चोटों के निशान थे. हालांकि इनमें से कई जख्म कई दिन पुराने बताए गए हैं.

मुलायम सिंह यादव की दूसरी पत्नी के बेटे
प्रतीक यादव पूर्व सीएम मुलायम सिंह यादव की दूसरी बीवी साधना गुप्ता के पुत्र थे. जबकि अखिलेश मालती देवी के बेटे हैं. प्रतीक यादव फिटनेस और रियल एस्टेट क्षेत्र से जुड़े थे. प्रतीक ने लीड्स यूनिवर्सिटी लंदन से एमबीए की पढ़ाई की थी.पत्नी अपर्णा से अलग प्रतीक ने राजनीति से दूरी बनाए रखी.प्रतीक यादव ने न कोई चुनाव नहीं लड़ा और न सपा में कोई बड़ा पद लिया. जबकि अपर्णा यादव बीजेपी नेता हैं और उत्तर प्रदेश महिला आयोग की उपाध्यक्ष पद पर कार्यरत हैं.

यादव परिवार सपा में, बीजेपी मे अपर्णा यादव
विधानसभा चुनाव से पहले वो बीजेपी में आई थीं. प्रतीक से अपर्णा यादव की शादी 2011 में हुई थी. प्रतीक और अपर्णा के वैवाहिक रिश्तों में कुछ वक्त पहले खटास आ गई थी. प्रतीक ने जनवरी में इंस्टा पोस्ट में अपर्णा से अलग होने का ऐलान किया था. अपर्णा पर गंभीर आरोप भी लगाए. हालांकि बाद में दोनों के बीच सुलह हो गई थी.प्रतीक ने स्पष्ट किया था कि अपर्णा से उनके रिश्ते सुलझ गए हैं. अपर्णा और प्रतीक की दो बेटियां प्रथमा और प्रतीक्षा हैं.

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