लखनऊ उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनाव की जोर-शोर से तैयारी चल रही है। इससे पहले गांवों में बड़ा अभियान चलाने की तैयारी हो रही है। यह तैयारी किसान सम्मान निधि हर किसान को दिलाने के लिए होने जा रही है।
प्रदेश के करीब 14.7 फीसदी किसान अभी भी पीएम किसान पोर्टल पर रजिस्टर्ड नहीं हैं। नतीजा, इन अपंजीकृत किसानों को पीएम किसान सम्मान निधि योजना समेत खेती-किसानी से जुड़ी किसी भी सरकारी योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा। ऐसे में अब सरकार के करीब आधा दर्जन विभाग जिनमें कृषि, उद्यान, राजस्व, गन्ना, पशुपालन तथा मत्स्य विभाग शामिल हैं, की ओर से गैर पंजीकृत काश्तकारों को चिन्हित कर उनका पंजीयन कराएंगे। जल्द ही इन विभागों की ओर से इसके लिए संयुक्त अभियान चलाया जाएगा।
केंद्र सरकार ने राज्यों से कहा है कि एक अप्रैल 2026 से पीएम किसान सम्मान निधि की किस्त उन्हीं किसानों को दी जाएगी, जिन्होंने पोर्टल पर पंजीकरण कराया हुआ है। ऐसे में राज्य सरकार जल्द से जल्द प्रदेश भर के सभी पात्र किसानों के रजिस्ट्रेशन पर जोर दे रही है। इसी के तहत प्रदेश में 26 जनवरी के बाद प्रदेशव्यापी विशेष अभियान चलाने का निर्णय किया गया है। सरकार ने किसानों से भी अपील की है कि वे तय समय सीमा के भीतर अपना पंजीकरण कराएं ताकि किसी भी किसान को पीएम किसान सम्मान निधि की आगामी किस्त से वंचित न होना पड़े।
हर जिले में शिविर लगाने के निर्देश
राज्य सरकार ने सभी जिलाधिकारियों को निर्देश दिया है कि पीएम किसान पोर्टल पर प्रत्येक किसान का विवरण अपडेट कराया जाए। इसके लिए आगामी घोषित होने वाली तिथियों में वृहद स्तर पर शिविर लगाए जाएंगे। प्रत्येक विकास खण्ड में कम से कम एक शिविर आयोजित करना अनिवार्य होगा।
तकनीकी कारणों से भी नहीं हो पा रहे पंजीयन
जिन कृषकों के पंजीयन नहीं हो सके हैं, उनमें से एक बड़ी संख्या उन किसानों की है जो सम्मान निधि की परिधि में नहीं आते मसलन उनकी खेती तो है लेकिन वे सरकारी नौकरी करते हैं और आयकर दाता भी है। इसके अलावा कई मानकों पर भी वे बाहर हैं। हालांकि सबसे बड़ी संख्या ऐसे गैरपंजीकृत किसानों की है, जिन्होंने अपना आधार अब तक दुरुस्त नहीं कराया है या फिर बैक खातों को अपडेट नहीं किया है। अभियान में ऐसे काश्तकारों को चिन्हित कर उनकी इन त्रुटियों को दूर किया जाएगा।
प्रदेश में 2.15 करोड़ किसानों को मिला है पीएम सम्मान निधि की 21 वीं किस्त
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना जब से शुरू हुई है उसकी अब तक 21 किस्ते किसानों के खाते में भेजी जा चुकी है। इसमें हर चार माह पर प्रति किसान 2000 रुपये डीबीटी के माध्यम से सीधे खाते में भेजे जाने की व्यवस्था है। बीते नवम्बर में 21वीं किस्त जारी की गई थी जिसमें प्रदेश के 2,15,71,323 किसानों के खाते में 4,314.26 करोड़ रुपये भेजे गए।
प्रमुख जिलों में किसानों के पंजीयन की स्थिति
रामपुर – 91.37%
बिजनौर – 88.92%
हरदोई – 98.31%
श्रावस्ती – 88.01%
पीलीभीत – 97.58%
अंबेडकरनगर – 87.46%
मुरादाबाद – 86.17%
बरेली – 84.80%
गाजियाबाद – 79.79%
कौशाम्बी – 89.09%




